सामुदायिक रो बारे के
पारपरिक झुड़कै बिड़ै दै एक बुज़ुर्ग छ़ैऊड़ै
बुशैहरी लौग सीधै साधै तैईया शांत जिदगै जिआ, ज़ुण कृषि तैईया सामाज़ी रिवाज़ा का ज़ुड़ी दी आ। मौर्द तैईया छ़ैऊड़ी पारंपरिक झुड़कै बिड़ा।
पैशौ
अधिकांश लोग किसान आ, ईदे जागा दी सेब प्रमुख फोसोल आ।
साक्षरता दर
90%
जनसंख्या
2.5 लाक
बुशैहर लाकैऔ इतिहास
बुशैहर लाकौ हिमाचलै सौबी कै पराणे ज़ागा माझीआ एक आ। ज़ौ कैई रामपर बुशैहर लै राजधानै च़ाड़िऔ एक खुलौ रियासत हौआ तौ। बुशैहर तिब्बत तैईया भारत माज़ एक व्यापार ज़ागा ती, जौरै ऐऊ ज़ागा बांकै च़ाणे। ब्रिटिश शाशनै मताबक ज़ौ ब्रिटिश प्रभाव वाणी रियासत बौणी। 1947 दी भारता लै आज़ाद हौणे बाद, बुशैहर हीमाचलौ भाग बौड़ौ। आज ज़ौ भाग आपणी बांकी संस्कृति, बूशैहरी भाषा रीति रिवाज़ा तैईया सैऊई फौसला लै ज़ाणा।
पुराड़ै काड़ा-
पुराड़ै काड़ा दी बुशैहर एक मुक्त रियासत तै। लौकल रवाज़ै मताबक, ज़ौ, ज़ौ बाग माहाभारत काड़ा का पैलै का ही तौ। ईदरे लौग प्रकृति सी पाक्कौ तालमेड़ थौआ तैईया आपणे रिती रवाज़ तैईया समाज़ै निम पालन कौरा।
बुशर साम्राज्य
बुशर साम्राज्य पर कई शताब्दियों तक बुशहर राजपरिवार का शासन रहा। रामपुर बुशहर राजधानी और प्रशासन एवं व्यापार का एक महत्वपूर्ण केंद्र बन गया। राजाओं ने कला, संस्कृति, मंदिरों और स्थानीय परंपराओं को संरक्षण दिया, जिससे इस क्षेत्र की अनूठी पहचान संरक्षित रही।
बुशैहर राज़
बुशैहर राज़ा दी कैई बौर्षा सेका बुशैहर टौबरौ राज़ रौहौ। रामपर बुशैहर राजधानी तैईया प्रशासन सातै व्यापार रवाज़ा लै रौक्षड़ देना, जिऊकै ऐतै पहचाण बौणी रौआ।